बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता फैलाने निकला मुक्ति रथ
वैशाली, बिहार – बाल विवाह मुक्ति रथ पर अवर न्यायाधीश सह सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार वैशाली रितु कुमारी ने अपना संदेश लिखा। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए न्यायाधीश ने कहा कि बाल विवाह एक सामाजिक बुराई है जिसे हम सभी को सामूहिक प्रयास से दूर करना है।
न्यायाधीश ने कहा कि बाल विवाह मुक्ति रथ विभिन्न गांवों और पंचायत में जाकर लोगों को बाल विवाह जैसे सामाजिक कुरीति के संबंध में जागरूक करेगी। जिससे वैशाली जिले में बाल विवाह के दर में कमी आएगी।
न्यायाधीश ने कहा कि बच्चियों को पढ़ने लिखने का अवसर मिलना चाहिए। बाल विवाह होने से उनकी शिक्षा बाधित होती है तथा विकास अवरुद्ध होता है।
जिले में चलाया जा रहा है जागरूकता कार्यक्रम
स्वर्गीय कन्हाई शुक्ला सामाजिक सेवा संस्थान के सचिव डॉक्टर सुधीर कुमार शुक्ला ने बताया कि वैशाली जिले में जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, जिला विधिक सेवा प्राधिकार तथा संस्थान के संयुक्त प्रयास से व्यापक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम चलाया गया है। जिसका काफी असर देखने को मिल रहा है तथा जिले में बाल विवाह के दर में कमी आ रही है।
2030 तक भारत को बाल विवाह मुक्त राष्ट्र बनाने का लक्ष्य
संस्थान का उद्देश्य है कि 2030 तक भारत को बाल विवाह मुक्त राष्ट्र बनाया जाए।

