इस वर्ष 15 जनवरी को मनाई जाएगी मकर संक्रांति: आचार्य संतोष मिश्रा
महुआ। रेणु सिंह
मकर संक्रांति के पावन अवसर पर बन रहा वृद्धि योग और कालदंड योग का अद्भुत संयोग। आचार्य संतोष मिश्रा ने मंगलवार को बताया कि इस वर्ष मकर संक्रान्ति माघ कृष्ण पक्ष द्वादशी रोज गुरुवार दिनांक 15 जनवरी 2026 को मनाया जाएगा।
इसी दिन खरमास समाप्त होगा। और भगवान सूर्य धनु राशि से निकलकर मकर राशि में प्रवेश करेंगे। शास्त्रों के अनुसार साल में इसी एक दिन भगवान सूर्य अपने पुत्र शनि के घर जाते हैं इस दिन जिनके राशि पर शनि की ढैया साढ़ेसाती या कुंडली में शनि की अरिष्ट महादशा चल रहा हो तो शनि मंत्र का जप, स्नान दान, तिल दान, लोहा,अन्न दान करने से सभी ग्रह दोष समाप्त होंगे। और उन्नति तरक्की का मार्ग प्रशस्त होगा। इस वर्ष मेष, सिंह, और मीन राशि वालों के लिए यह संक्रांति उत्तम फलदायी है। आगे आचार्य संतोष मिश्रा, भंगहा माई स्थान बेतिया ने बताया कि मकर संक्रांति का पुण्यकाल 14 जनवरी 2026 को रात्रि 09 बजकर 39 से आरंभ होकर अगले दिन 15 जनवरी 2026 को दिन में 01 बजकर 39 मिनट तक रहेगा। इसलिए 15 जनवरी 2026 को पूरा दिन मकर संक्रांति मनाया जाएगा।
सुबह में स्नान करना शुभ योग:
मकर संक्रांति के पावन अवसर पर प्रातः काल गंगा आदि नदियों में स्नान करने के पश्चात तिल, मोदक, लोहा, सरसों तेल, अन्न, वस्त्र आदि का दान करें। और आज के दिन खिचड़ी, दही- चूड़ा खाने का विधान है। आज के दिन से खरमास समाप्त होकर सभी के घरों में मांगलिक कार्यों का शुभारंभ हो जाता है और सभी के घरों में शहनाइयां बजने लगती है। उक्त बातों को अचार्य संतोष मिश्रा ने संक्रांति के पूर्व अपने निवास स्थान पर हरि ओम सनातन संस्कृति मिलन समारोह में जनमानस को सम्बोधित करते हुए कही।
इन आचार्य की रही उपस्थिति:
जिसमे आचार्य उदय कुमार पांडेय, आचार्य सच्चिदानंद मिश्र, पंडित राधेश्याम पाठक, आचार्य अमरेंद्र शास्त्री, पंडित नीरज कुमार मिश्रा, पंडित अनुज कुमार तिवारी, पंडित देव कपुर मिश्रा आदि लोग उपस्थित रहे।

